मिठाइयों की गुणवत्ता पर खाद्य सुरक्षा विभाग की पैनी नजर, 10 प्रतिष्ठानों से लिए नमूने खोया-पेड़ा, बर्फी, पनीर, रसगुल्ला और नमकीन की गुणवत्ता जांच के लिए भेजे जाएंगे नमूने — रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई
मिठाइयों की गुणवत्ता पर खाद्य सुरक्षा विभाग की पैनी नजर, 10 प्रतिष्ठानों से लिए नमूने
खोया-पेड़ा, बर्फी, पनीर, रसगुल्ला और नमकीन की गुणवत्ता जांच के लिए भेजे जाएंगे नमूने — रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई

कटनी।। त्योहारी सीजन को देखते हुए उपभोक्ताओं तक पहुंचने वाले खाद्य पदार्थों की शुद्धता एवं गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने कटनी शहर में निगरानी और नमूना कार्रवाई तेज कर दी है। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अमले ने शहर के विभिन्न मिष्ठान एवं खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर कई खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए संकलित किए हैं।
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने अभियान के दौरान कुल 10 खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। इस दौरान मिलावट अथवा गुणवत्ता में कमी की आशंका वाले खाद्य पदार्थों के नमूने नियमानुसार लिए गए।
इन प्रतिष्ठानों से लिए गए नमूने
मिशन चौक स्थित कोजी मिष्ठान भंडार से खोया पेड़ा, दूध बर्फी और नमकीन के नमूने लिए गए। इसी तरह इंदौर सेव भंडार से बूंदी लड्डू एवं खोया बर्फी के नमूने संकलित किए गए। सिल्वर टॉकीज स्थित बाहुबली दूध भंडार से पनीर एवं खोया, जबकि सिल्वर टॉकीज रोड स्थित शानू मिष्ठान भंडार से रसगुल्ला, नमकीन एवं बर्फी के नमूने लिए गए। इसी क्रम में बाहुबली खोया भंडार से खोया पेड़ा एवं खोया तथा पन्ना मोड़ स्थित पटेल मिष्ठान भंडार से कलाकंद एवं खोया के नमूने लिए गए। बस स्टैंड स्थित बीकानेर मिष्ठान भंडार से खोया पेड़ा का नमूना संकलित किया गया। खाद्य सुरक्षा अमले ने गोरे लाल मिठाई भंडार से बूंदी लड्डू एवं कलाकंद तथा बस स्टैंड कटनी स्थित ओम साई मिठाई शॉप से लड्डू एवं सलोनी के नमूने भी लिए।
विभाग द्वारा संकलित सभी खाद्य नमूनों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार किसी खाद्य पदार्थ की वास्तविक गुणवत्ता, संरचना और खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप होने अथवा नहीं होने का अंतिम निर्धारण प्रयोगशाला परीक्षण रिपोर्ट के आधार पर ही किया जाएगा।
खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य खाद्य कारोबारियों को निर्धारित मानकों के पालन के लिए जवाबदेह बनाना और नागरिकों को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रयोगशाला जांच में यदि कोई नमूना निर्धारित खाद्य सुरक्षा एवं गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं पाया जाता है, तो संबंधित प्रतिष्ठान के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 तथा संबंधित नियमों एवं विनियमों के तहत नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।