आगबबूला महिला आडिटर ने ठेकेदार पर फेंकी गर्म चाय
नादिरशाही का दिखाया धौंस, ठेकेदार ने अधिकारियों से शिकायत
शहडोल। दफ्तरो में बैठा अमला खुद को नादिरशाह साबित करने के लिए शासकीय गरिमा और आचरण को दरकिनार कर जनमानस व ठेकेदारों को जलील करने और उन्हे प्रताडि़त करने से बाज नही आता। इस कृत्य में महिलाएं भी बराबरी से कदमताल कर रहीं हैं। चाहे वे एक जवाबी थप्पड़ में ही बेहोश क्यों न हो जाएं। नगरपालिका शहडोल में इसी तरह का माहौल है, यहां प्रथम श्रेणी ठेकेदार विवेक खोडियार पर आडिटर स्वाती सिंह इतनी उबल पड़ी कि उन्होने ठेकेदार को न केवल खरी खोटी सुनाई बल्कि उनके ऊपर गरम चाय भी फेक दी। जिससे ठेकेदार का चेहरा झुलस गया है। ठेकेदार उनसे केवल अपने बिल की मांग कर रहे थे।
कई जगह की शिकायत
श्री खोडियार ने बताया कि उनके द्वारा विगत 40 वर्षो से शहडोल संभाग में कई सड़कों का निर्माण कार्य किया गया है। वर्तमान में उनके द्वारा नगर पालिका परिषद् शहडोल के अंतर्गत लल्लू सिंह चौक से गणेश मंदिर वार्ड नं. 28 रोड का निर्माण कार्य किया जा रहा है। जिसका बिल अध्यक्ष द्वारा नोटशीट हस्ताक्षर होकर एकाउन्ट सेक्शन से आडिट के लिये गयी थी। मेरे द्वारा जब आडिटर जिनका नाम स्वाती सिंह बघेल है, से अपनी फाइल के लिये पूछा गया तो उन्होनें स्वीकार किया कि फाइल मेरे पास 2 दिन पहले आई है। तो उनसे निवेदन किया कि आप फाइल चेक कर ले तो उन्होंने मुझे कहा मेरे पास पावर है मैं 3 दिन फाइल नहीं देखती हूँ। परंतु मेरे द्वारा दोबारा निवेदन किया गया कि मैडम मुझे भुगतान की आवश्यकता है। कृपया आप फाइल चेक कर लीजिए तो वे भड़क उठीं। एकदम चिल्लाते हुए कहा कि मैं 10 दिन तक आपकी फाइल चेक नहीं करूंगी। मेरा क्या बिगाड़ लोगे? उसी दौरान उनके हाथ में गर्म चाय का कप था जो मेरे ऊपर फेक दिया गया एवं मुझे अभद्र गाली देने लगी। मौके पर नगर पालिका शहडोल का स्टॉफ मौजूद था। इस घटनाक्रम की पूरी जानकारी मेरे द्वारा सीएमओ नगरपालिका को दे दी गयी है। सहायक संचालक को भी फोन पर इस बात की जानकारी दे दी गयी है। मेरी कोई गलती नहीं होने के बाद भी महिला आडिटर द्वारा मेरे उपर गर्म चाय फेकी गयी एवं अभ्रद गालीयाँ दी गयी जिससे मेरे स्वाभिमान को ठेस पहुंची है। चूंकि आडिटर एक महिला है इसलिए मैंने उनका सम्मान करते हुए उनसे किसी भी प्रकार की बहस या जिरह नही की। आडिटर मैडम के इस दुव्र्यवहार से मेरी छवि धुमिल हुई है और इस कृत्य के कारण मुझे अत्यधिक ठेस पहुॅची है।