रेलवे फाटक के पास बुजुर्ग का 6000 रुपये नकद और दस्तावेजों से भरा झोला पार, चश्मदीद ने खोला राज
gpm/गौरेला: थाना क्षेत्र अंतर्गत गोरखपुर रेलवे फाटक के पास से एक बुजुर्ग स्कूल कर्मचारी का रुपयों और जरूरी दस्तावेजों से भरा झोला गायब होने का मामला सामने आया है। घटना के कुछ दिन बाद एक चश्मदीद के खुलासे से यह बात सामने आई है कि झोला मोहल्ले के ही एक व्यक्ति ने उठाया था। पीड़ित ने इस संबंध में पुलिस से कार्यवाही की गुहार लगाई है।
*साइकिल से गिरा था झोला:*
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सरस्वती शिशु मंदिर में चपरासी (भृत्य) के पद पर कार्यरत 66 वर्षीय गुलाब दास पनिका (निवासी गोरखपुर) गुरुवार, 19 फरवरी की सुबह करीब 10:10 बजे अपनी साइकिल से जा रहे थे। उनकी साइकिल में एक झोला टंगा था, जिसमें उनकी गाढ़ी कमाई के 6000 रुपये नकद, राशन कार्ड, LIC बीमा की रसीद, सोने की रसीद, एक डायरी और कुछ अन्य पर्चियां रखी हुई थीं।
गोरखपुर रेलवे फाटक पार करने के बाद जब बुजुर्ग ने ध्यान दिया, तो झोला साइकिल से गायब था। वापस लौटकर जब उन्होंने रेलवे फाटक के कर्मचारी से पूछताछ की, तो उसने बताया कि झोला फाटक के नीचे ही गिरा था, लेकिन उसे किसने उठाया, यह वह नहीं देख पाया।
*चश्मदीद के खुलासे से सामने आया नाम:*
बुजुर्ग अपने स्तर पर झोले की तलाश कर ही रहे थे कि रविवार को मामले में एक नया मोड़ आ गया। चंदु यादव नामक एक परिचित व्यक्ति ने पीड़ित को बताया कि उसने गोरखपुर के ही रहने वाले दऊआ उर्फ भुवनेश्वर राठौर को वह गिरा हुआ झोला उठाते और वहां से ले जाते हुए अपनी आँखों से देखा है।
इस अहम खुलासे के बाद पीड़ित गुलाब दास पनिका ने अपना आधिकारिक कथन दर्ज कराया है और पुलिस प्रशासन से मांग की है कि उक्त संदेही से पूछताछ कर उनके 6000 रुपये और सभी महत्वपूर्ण दस्तावेजों को जल्द से जल्द बरामद किया जाए।