महिला कांग्रेस का ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ तेज, ग्राम चौपाल में गूंजा जनसेवा का संकल्प
महिला कांग्रेस का ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ तेज, ग्राम चौपाल में गूंजा जनसेवा का संकल्प
कटनी। ग्रामीण श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा और मनरेगा को बचाने के संकल्प के साथ महिला कांग्रेस ने जिले में मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान को नई धार दी। युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं महिला कांग्रेस की सशक्त नेत्री सौम्या राँधेलिया के नेतृत्व में मुड़वारा विधानसभा क्षेत्र के कन्हवारा और पौंडी ग्राम पंचायतों में महिलाओं संग चौपाल आयोजित कर ग्रामीणों से सीधा संवाद किया गया। चौपाल के दौरान सौम्या राँधेलिया ने ग्रामीणों से अभियान से जुड़ने का आह्वान करते हुए केंद्र सरकार पर मनरेगा को कमजोर करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में श्रमिकों को सुनिश्चित रोजगार, सम्मान और आत्मनिर्भरता देने के उद्देश्य से बनाई गई मनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि ग्रामीण भारत के श्रम, स्वाभिमान और स्वावलंबन की पहचान है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के सत्ता में आने के बाद योजनाओं के नाम बदलने की राजनीति की जा रही है, जबकि ज़मीनी हकीकत में श्रमिकों के हितों पर प्रहार हो रहा है।
राष्ट्रीय महिला कांग्रेस अध्यक्ष अलका लांबा एवं प्रदेश अध्यक्ष रीना बौरासी सेतिया के निर्देश पर प्रदेशभर में चल रहे इस अभियान के तहत सौम्या राँधेलिया ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मनरेगा को बचाना आज हर जागरूक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने महिलाओं की समस्याएं भी ध्यानपूर्वक सुनीं और उनके समाधान के लिए संगठनात्मक स्तर पर ठोस पहल का भरोसा दिलाया। इस अवसर पर ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी ने अभियान को मजबूती दी। चौपाल में महिला कांग्रेस नेत्री मिनाक्षी वलवी, रश्मि अग्रवाल, नीरा सोनी, मनीषा सिंह सोलंकी, वरिष्ठ कांग्रेस नेता कमल पाण्डेय, अजय खटीक, सूर्यकान्त कुशवाहा, कमल सिंह राठौर सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं उपस्थित रहीं। कर्तव्यपरायणता, पार्टी के प्रति समर्पण और जनसेवा की भावना इन तीनों का सशक्त उदाहरण बनकर सौम्या राँधेलिया ने यह संदेश दिया कि कांग्रेस का संघर्ष केवल सियासत नहीं, बल्कि आख़िरी पंक्ति के व्यक्ति तक अधिकार पहुँचाने का संकल्प है। मनरेगा बचाओ संग्राम के जरिए कटनी की धरती से उठी यह आवाज़ ग्रामीण भारत की मजबूती के लिए एक निर्णायक कदम बनती दिख रही है।