स्लीमनाबाद रोड स्टेशन पर ट्रेनों के स्टॉपेज को लेकर भड़का जनआक्रोश, आंदोलन को मिली सफलता रेलवे अधिकारियों के लिखित आश्वासन के बाद स्थगित हुआ आंदोलन

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स्लीमनाबाद रोड स्टेशन पर ट्रेनों के स्टॉपेज को लेकर भड़का जनआक्रोश, आंदोलन को मिली सफलता
रेलवे अधिकारियों के लिखित आश्वासन के बाद स्थगित हुआ आंदोलन
कटनी।। स्लीमनाबाद रोड रेलवे स्टेशन पर विभिन्न ट्रेनों के ठहराव की मांग को लेकर सोमवार को जनआक्रोश फूट पड़ा। ग्राम विकास संघर्ष समिति के तत्वावधान में आयोजित आंदोलन में हजारों की संख्या में क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि, अपडाउनर्स, व्यापारी और ग्रामीण शामिल हुए। आंदोलनकारियों ने स्टेशन पर पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया और प्रमुख ट्रेनों के स्टॉपेज की मांग को लेकर रेलवे प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि स्लीमनाबाद क्षेत्र का महत्वपूर्ण केंद्र है, जहां से बड़ी संख्या में छात्र, व्यापारी, कर्मचारी और मरीज रोजाना आवागमन करते हैं। इसके बावजूद प्रमुख एक्सप्रेस और इंटरसिटी ट्रेनों का ठहराव न होने से क्षेत्रवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। लोगों को मजबूरन लंबी दूरी तय कर अन्य स्टेशनों से ट्रेन पकड़नी पड़ती है।
आंदोलन के दौरान ग्रामीणों ने मुख्य रूप से रीवा-इतवारी एक्सप्रेस, जबलपुर-अंबिकापुर इंटरसिटी एक्सप्रेस तथा जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी एक्सप्रेस के स्लीमनाबाद रोड स्टेशन पर नियमित ठहराव की मांग रखी। आंदोलन की जानकारी मिलते ही जबलपुर डीआरएम कार्यालय से वरिष्ठ रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंचे और आंदोलनकारियों से चर्चा की।
रेलवे अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को लिखित आश्वासन देते हुए बताया कि गाड़ी संख्या 11753/54 रीवा-इतवारी एक्सप्रेस के प्रायोगिक ठहराव के लिए रेलवे बोर्ड से स्वीकृति मिल चुकी है और इसकी अधिसूचना जल्द जारी की जाएगी। इसके साथ ही जबलपुर-अंबिकापुर इंटरसिटी एक्सप्रेस तथा जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी एक्सप्रेस के स्लीमनाबाद रोड स्टेशन पर ठहराव के लिए प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेज दिया गया है, जिस पर शीघ्र निर्णय होने की संभावना है।
रेलवे अधिकारियों के लिखित आश्वासन के बाद ग्राम विकास संघर्ष समिति ने फिलहाल आंदोलन को स्थगित करने का निर्णय लिया। समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो भविष्य में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। वहीं लिखित आश्वासन मिलने के बाद क्षेत्रवासियों में उम्मीद की नई किरण जगी है।

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