समय-सीमा बैठक में निगमायुक्त ने कसे शिकंजा, वायु गुणवत्ता से लेकर योजनाओं तक सख्त निर्देश
समय-सीमा बैठक में निगमायुक्त ने कसे शिकंजा, वायु गुणवत्ता से लेकर योजनाओं तक सख्त निर्देश
कटनी।। नगर की वायु गुणवत्ता सुधार को लेकर नगर निगम अब सख्त और सक्रिय रुख अपनाएगा। निगमायुक्त सुश्री तपस्या परिहार ने आयोजित समय-सीमा की बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माणाधीन स्थलों वाले मार्गों पर रोजाना पानी का छिड़काव, सभी बड़े-छोटे निर्माण कार्यों के दौरान ढकने या नेट लगाने की अनिवार्य व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके लिए संबंधित शासकीय विभागों से तत्काल पत्राचार करने के निर्देश दिए गए।
निगमायुक्त ने कहा कि सीवरेज कार्यों के दौरान प्रोफाइल शीट का उपयोग, मुख्य मार्गों के डिवाइडर की मिट्टी का व्यवस्थित रख-रखाव, डिवाइडर की दैनिक सफाई, स्प्रिंकलर से पौधों की नियमित सिंचाई तथा रोड स्वीपिंग मशीन से रोजाना सफाई अनिवार्य रूप से कराई जाए। उन्होंने कहा कि स्वच्छ और सुरक्षित नगर ही प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
योजनाओं व विभागीय कार्यों की गहन समीक्षा
बैठक में निगमायुक्त ने सभी विभागों के कार्यों और शासकीय योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की। इस दौरान सीएम हेल्पलाइन पर लंबित प्रकरणों को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए निर्देश दिए कि प्रत्येक विभाग रोजाना कम से कम दो शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निराकरण कर उसकी रिपोर्ट प्रस्तुत करे।
प्रधानमंत्री आवास योजना पर फोकस
प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा में नोडल अधिकारी अनिल जायसवाल ने बताया कि विगत सप्ताह 19 आवास पूर्ण किए गए। निगमायुक्त ने एएचपी घटक के नए आवेदनों हेतु शिविर आयोजन, गृह प्रवेश प्रकरणों की सूची तैयार करने, तथा विद्युतीकरण के शेष कार्य शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। साथ ही बीएलसी घटक की वसूली की अद्यतन स्थिति की समीक्षा कर आरआरसी की कार्यवाही हेतु प्रकरण चिन्हित करने के निर्देश दिए गए।
विकास शुल्क शिविरों से मिलेंगे ठोस परिणाम
अनाधिकृत कॉलोनियों में विकास कार्यों को गति देने के लिए आयोजित हो रहे विकास शुल्क शिविरों को लेकर निगमायुक्त ने कहा कि इनका लाभ तभी मिलेगा जब अधिक से अधिक नागरिकों तक जानकारी पहुंचे। उन्होंने प्रतिदिन का लक्ष्य तय कर प्रचार-प्रसार, नागरिकों को शुल्क जमा करने के लिए प्रेरित करने और रोजाना प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश प्रभारी कार्यपालन यंत्री अंशुमान सिंह को दिए।
अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई के निर्देश
निगमायुक्त ने निर्देश दिए कि जहां सीवर कार्य पूर्ण हो चुका है, वहां रेस्टोरेशन कार्य तत्काल शुरू किया जाए। साथ ही अवैध कॉलोनियों, बिना फायर एनओसी संचालित भवनों, अनाधिकृत मैरिज गार्डन, अवैध ग्लो-साइन बोर्ड, बैनर-पोस्टर पर नियमानुसार कार्रवाई जारी रखने को कहा।
इसके अलावा ई-ऑफिस संचालन हेतु शेष कर्मचारियों की आईडी शीघ्र बनवाने, स्वनिधि योजना में गति लाने, डोर-टू-डोर ई-केवाईसी, 23 जनवरी को प्रस्तावित मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार, अतिक्रमण प्रकरणों में विधि विभाग द्वारा नोटिस की कार्यवाही, संपदा शाखा में फुल टाइम कर्मचारी नियुक्ति, सीडिंग सेंटर हेतु स्थल चयन तथा अनुकंपा नियुक्ति प्रकरणों की प्राथमिकता से ऑनलाइन अपलोडिंग के निर्देश दिए गए।
सौंदर्यीकरण व जनसुविधाओं पर जोर
निगमायुक्त ने कहा कि मुख्य मार्गों की सुंदरता और आमजन की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए डिवाइडर की जालियों की मरम्मत, सुलभ शौचालयों की मरम्मत, नाला सफाई मशीनों व स्वास्थ्य विभाग के हाथ ठेलों की मरम्मत, निगम स्कूलों में छात्रों की पठन-पाठन सुविधाओं में सुधार, ट्रांसपोर्ट नगर में रेस्टोरेंट व पेट्रोल पंप हेतु नियमानुसार निविदा, तथा भूमि आवंटन प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में उपायुक्त शैलेष गुप्ता, प्रभारी कार्यपालन यंत्री सुधीर मिश्रा, अंशुमान सिंह, राजस्व अधिकारी जागेश्वर प्रसाद पाठक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। निगमायुक्त की इस समय-सीमा बैठक ने यह साफ कर दिया कि अब लापरवाही नहीं, परिणाम चाहिए। चाहे वह वायु गुणवत्ता सुधार हो, जन शिकायतों का निराकरण या शासकीय योजनाओं का धरातल पर प्रभावी।.