होली के दिन बुढार हाईवे पर दर्दनाक हादसा: ट्रेलर की टक्कर से SECL कर्मचारी की मौत, खुशियों के बीच पसरा मातम
शहडोल। रंगों और उल्लास के पर्व होली के दिन शहडोल जिले में एक ऐसा हादसा हुआ, जिसने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। बुढार नेशनल हाईवे पर तेज रफ्तार ट्रेलर की चपेट में आने से SECL के एक कर्मचारी की मौके पर ही मौत हो गई। त्योहार की खुशियों के बीच अचानक पसरे इस मातम ने सभी को झकझोर कर रख दिया।प्राप्त जानकारी के अनुसार, अनूपपुर जिले के संजयनगर निवासी राजेंद्र प्रसाद दुबे, जो SECL में कार्यरत थे, अपने निर्माणाधीन मकान का निरीक्षण करने के लिए स्कूटी से शहडोल की ओर जा रहे थे। दोपहर के समय जब वे बुढार स्थित नेशनल हाईवे पर टाटा मोटर्स के पास पहुंचे, तभी पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रेलर ने उनकी स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वे सड़क पर गिर पड़े और गंभीर चोटों के कारण घटनास्थल पर ही उनकी मृत्यु हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, ट्रेलर चालक अत्यधिक गति से वाहन चला रहा था और उसने नियंत्रण खो दिया। हादसे के तुरंत बाद चालक वाहन को मौके पर छोड़कर फरार हो गया। दुर्घटना की सूचना मिलते ही बुढार थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया और ट्रेलर को जब्त कर लिया।
पुलिस ने अज्ञात ट्रेलर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। थाना प्रभारी ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाने का प्रतीत होता है। उन्होंने कहा कि घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और दोषी चालक को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
इस हादसे ने न केवल एक परिवार से उनका सहारा छीन लिया, बल्कि पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया। होली जैसे आनंद और उत्सव के दिन हुई इस दुर्घटना ने सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने भी हाईवे पर बढ़ती रफ्तार और भारी वाहनों की लापरवाही पर चिंता जताई है।
त्योहार के दिन जहां एक ओर लोग रंगों में सराबोर थे, वहीं दूसरी ओर एक परिवार अपने प्रियजन के असमय निधन का दर्द झेल रहा है। प्रशासन से मांग की जा रही है कि हाईवे पर सख्ती बढ़ाई जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
यह हादसा एक बार फिर याद दिलाता है कि सड़क पर थोड़ी सी लापरवाही किसी की भी जिंदगी छीन सकती है। त्योहार की खुशियों के बीच यह घटना पूरे जिले के लिए एक दर्दनाक सबक बनकर सामने आई है।