युवा उत्सव में छात्राओं ने दिखाई बौद्धिक क्षमता, भारतीय ज्ञान परंपरा पर रखे विचार प्रश्न मंच, वाद-विवाद एवं वक्तृता प्रतियोगिताओं में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक लिया हिस्सा
युवा उत्सव में छात्राओं ने दिखाई बौद्धिक क्षमता, भारतीय ज्ञान परंपरा पर रखे विचार
प्रश्न मंच, वाद-विवाद एवं वक्तृता प्रतियोगिताओं में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक लिया हिस्सा
कटनी। शासकीय कन्या महाविद्यालय, कटनी में महाविद्यालयीन युवा उत्सव सत्र 2026-27 के द्वितीय दिवस साहित्यिक विधा के अंतर्गत प्रश्न मंच, वाद-विवाद एवं वक्तृता प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात के मार्गदर्शन में आयोजित इन प्रतियोगिताओं में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए अपनी बौद्धिक क्षमता, तार्किक चिंतन एवं अभिव्यक्ति कौशल का प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिताओं का मुख्य उद्देश्य छात्राओं में साहित्यिक अभिरुचि, वैचारिक क्षमता तथा भारतीय ज्ञान परंपरा और सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता विकसित करना रहा।
प्रश्न मंच प्रतियोगिता में भारतीय संस्कृति, वेद, उपनिषद, प्राचीन ज्ञान-विज्ञान, भारतीय दर्शन, महान विद्वानों एवं ऐतिहासिक परंपराओं से जुड़े प्रश्न पूछे गए। छात्राओं ने तत्परता और उत्साह के साथ उत्तर देकर अपनी ज्ञान क्षमता का परिचय दिया।
इसी क्रम में वाद-विवाद प्रतियोगिता का विषय ‘आधुनिक शिक्षा प्रणाली में भारतीय ज्ञान परंपरा की अनिवार्यता’ रखा गया। प्रतिभागियों ने पक्ष एवं विपक्ष में अपने विचार प्रस्तुत करते हुए आधुनिक शिक्षा में भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों, योग, आयुर्वेद एवं प्राचीन ज्ञान-विज्ञान की प्रासंगिकता पर तर्कपूर्ण ढंग से अपनी बात रखी। छात्राओं ने भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक शिक्षा के समन्वय को समाज एवं राष्ट्र के विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।
वक्तृता प्रतियोगिता का विषय ‘वसुधैव कुटुम्बकम् : वैश्विक शांति और बंधुत्व के लिए भारतीय दर्शन’ रहा। छात्राओं ने अपने विचारों के माध्यम से भारतीय दर्शन की वैश्विक महत्ता, विश्व बंधुत्व, सहिष्णुता, आपसी सद्भाव एवं मानवता के संदेश को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। उन्होंने वसुधैव कुटुम्बकम् की अवधारणा को विश्व शांति और पारस्परिक सहयोग का आधार बताया।
तीनों प्रतियोगिताओं में छात्राओं की सक्रिय सहभागिता रही। युवा उत्सव का द्वितीय दिवस ज्ञानवर्धक एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। इस आयोजन के माध्यम से छात्राओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ भारतीय ज्ञान परंपरा, दर्शन और सांस्कृतिक मूल्यों को समझने का अवसर मिला।