हमारी आवाज को मास्क के अंदर नही दबाया जा सकता:लोको रनिंग स्टाफ

शहडोल।ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ ने रेलवे की कथित कर्मचारी विरोधी नीतियों का विरोध करते हुए 5 दिवस तक शांतिपूर्ण विरोध किया जिसके तहत यह विरोध मंगलवार से कर्मचारियों ने ड्यूटी के दौरान काली पट्टी बांधकर कार्य का विरोध जताते रहे।केंद्रीय कार्यकारणी के निर्देशानुसार देशव्यापी 5 दिवसीय विरोध प्रदर्शन दिनांक 15 जून से 19तक समस्त लोको रनिंग स्टाफ (लोको पायलटों व सहा लोको पायलटों )ने अपनी मांगों के समर्थन व मज़दूर व कर्मचारी विरोधी नीतियों का विरोध ड्यूटी करते हुए किया। काली पट्टी बांधकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जताया। इसी सम्बन्ध में ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोशिएसन शहडोल के तत्वाधान में केंद्र व विभिन्न राज्य सरकारों द्वारा कोरोना महामारी का हवाला देते हुए श्रम कानूनों को समाप्त करने से कामगारों के कई मौलिक श्रमिक अधिकारों से वंचित करने,मंहगाई भत्ता (डी ए) को 18 महिने तक स्थगित करने,वेतन के हिस्से के रुप मे मिलने वाला भत्ता (ए एल के) के भुगतान आदि प्रमुख मांगे को लेकर अंतिम तिथि के दिन सैकड़ो रनिंग स्टाफ ने संयुक्त क्रू लॉबी, रेल्वे स्टेशन ,शहडोल में काली पट्टी लगाकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जताए।
समस्त रनिंग स्टाफ का कहना था कि सरकार द्वारा किसी भी कीमत पर हमारी आवाज को मास्क के अन्दर नही दबाया जा सकता है। सभा मे उपस्थित सदस्य शाखा सचिव-प्रेमरंजन, शाखा अध्य्क्ष-आर के ओंकार, शाखा कोषाध्यक्ष-विद्यासागर पाल के साथ सतीश शर्मा,अभिषेक पाण्डेय, रजनीश कुमार-केंद्रीय संगठन सचिव, रोहित तिवारी-जोनल सदस्य, अम्बुज कुमार- डिविजनल संघठन सचिव , रामसंजीवन पटेल, बब्लू कुमार के अतिरिक्त सैकड़ो रनिंग स्टाफ उपस्थिति रहे। वहीं जहा शांति पूर्ण विरोध प्रदर्शन करते हुए अपनी मांगों को रखते हुए डिवीजन में संयुक्त रूप से ज्ञापन सौंपा गया।