कटनी रेलवे स्टेशन का प्रवेश द्वार बना तालाब, यात्रियों की परेशानी से बेखबर जिम्मेदार

कटनी रेलवे स्टेशन का प्रवेश द्वार बना तालाब, यात्रियों की परेशानी से बेखबर जिम्मेदार
कटनी।। बीते दिनों से जारी भारी बारिश के चलते रेलवे स्टेशन के प्रवेश द्वार पर जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। पानी भरने से यात्रियों को स्टेशन में प्रवेश और निकास में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय यात्रियों ने बताया कि पानी में कीचड़ और फिसलन के कारण बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे विशेष रूप से परेशान हो रहे हैं। स्थिति यह है कि स्टेशन के बाहर प्रवेश द्वार बुजुर्ग, महिलाएं, बच्चे और दिव्यांग यात्रियों के लिए बेहद तकलीफदेह बन गई है। रेलवे प्रशासन द्वारा अब तक कोई प्रभावी व्यवस्था नहीं की गई है, जिससे यात्रियों में नाराजगी देखी जा रही है।
“कोई देखने-सुनने वाला नहीं” — यात्रियों का आरोप
यात्री रामनारायण वर्मा ने बताया कि – “हमारी ट्रेन का समय हो गया था, लेकिन बच्चों और सामान के साथ पानी में चलना मुश्किल हो रहा था। कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं दिखा, न कोई मदद करने वाला।“वहीं एक महिला यात्री संगीता पटेल ने कहा – “हम सुबह 6 बजे स्टेशन पहुंचे, लेकिन बाहर ही पानी में फंस गए। रेलवे प्रशासन को यात्रियों की परेशानी से कोई लेना-देना नहीं है।“
रेलवे प्रशासन यात्रियों को हो रही असुविधा के लिए नहीं है गंभीर
स्थिति की गंभीरता के बावजूद रेल प्रबंधन द्वारा जलनिकासी की कोई ठोस व्यवस्था नहीं की गई और न ही स्टेशन परिसर की सफाई या व्यवस्था को लेकर कोई आपात कदम उठाया। यात्रियों को आवागमन में असुविधा हो रही है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी पूरी तरह से निष्क्रिय बने हुए हैं।
कटनी मुख्य रेलवे स्टेशन का यह दृश्य बताता है कि बारिश के मौसम में बुनियादी सुविधाओं की घोर अनदेखी की जा रही है। रेल प्रशासन और प्रबंधन की लापरवाही और जवाबदेही की कमी का खामियाजा रेल यात्रीयो को भुगतना पड़ रहा है।