जेल से रिहा हुए कांग्रेस पदाधिकारी, स्वागत में जुटा संगठन

0

 

शेख साजिल और आशु को आज मिली रिहाई, सत्यम को एक दिन पहले छोड़ा गया

शहडोल में मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान हुए विरोध प्रदर्शन के बाद गिरफ्तार कांग्रेस पदाधिकारियों की रिहाई से जिले की सियासत फिर गर्मा गई है। बुधवार 11 फरवरी की सुबह जयसिंहनगर विधानसभा अध्यक्ष शेख साजिल और आशु को बुढार जेल से रिहा कर दिया गया। इससे एक दिन पहले, सोमवार 10 फरवरी की सुबह नाबालिग सत्यम प्रजापति को जेल से छोड़ा गया था।

बताया जा रहा है कि शेख साजिल और आशु की जमानत मंगलवार शाम को ही मंजूर हो गई थी, लेकिन देर हो जाने के कारण उसी दिन उनकी रिहाई नहीं हो सकी। प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद बुधवार सुबह दोनों को बुढार जेल से रिहा किया गया।

रिहाई की खबर मिलते ही कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता सुबह ही बुढार जेल पहुंच गए थे। इनमें प्रमुख रूप से सुफियान खान, आजाद बहादुर सिंह, प्रदीप सिंह, अनुपम गौतम और राम सिंह धनपुरी सहित अन्य पदाधिकारी शामिल थे। जेल से बाहर आते ही दोनों नेताओं का फूल-मालाओं से स्वागत किया गया और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए समर्थन जताया।

कांग्रेस नेताओं ने रिहा हुए पदाधिकारियों का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि पूरा कांग्रेस परिवार उनके साथ खड़ा है। नेताओं ने कहा कि यह कार्रवाई राजनीतिक दबाव में की गई थी, लेकिन कांग्रेस कार्यकर्ता इससे डरने वाले नहीं हैं और लोकतांत्रिक अधिकारों की लड़ाई जारी रहेगी।

कांग्रेस नेताओं ने यह भी जानकारी दी कि प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी आगामी शुक्रवार को शहडोल पहुंच रहे हैं। उनके दौरे का मुख्य उद्देश्य गिरफ्तार कार्यकर्ताओं और उनके परिवारों से मुलाकात करना है। साथ ही वे जिले के अन्य मुद्दों पर भी चर्चा करेंगे और संगठनात्मक बैठक लेकर आगे की रणनीति तय करेंगे।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री के धनपुरी प्रवास के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाकर विरोध प्रदर्शन किया था। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई लोगों को हिरासत में लिया था। इसी मामले में तीन पदाधिकारियों को जेल भेजा गया था, जिनकी अब क्रमशः रिहाई हो चुकी है।

तीनों की रिहाई के बाद कांग्रेस संगठन इसे अपनी नैतिक जीत बता रहा है, वहीं आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना जताई जा रही है। अब सबकी नजरें प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के प्रस्तावित शहडोल दौरे पर टिकी हुई हैं।

आजाद बहादुर सिंह, पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी पूरी तरह राजनीतिक दबाव में की गई थी। पार्टी के युवा नेताओं ने लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखी थी, लेकिन प्रशासन ने बल प्रयोग कर उन्हें जेल भेज दिया। अब रिहाई के बाद यह साबित हो गया है कि कार्रवाई गलत थी और कांग्रेस इस मुद्दे को प्रदेश स्तर तक उठाएगी।

अनुपम गौतम, युवा कांग्रेस ने कहा कि कांग्रेस का हर कार्यकर्ता अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने के लिए तैयार है। हमारे साथियों को जेल भेजकर आंदोलन को दबाने की कोशिश की गई, लेकिन इससे संगठन और मजबूत हुआ है। युवाओं का मनोबल और बढ़ा है और आने वाले दिनों में हम लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष तेज करेंगे।

सुफियान खान, कांग्रेस नेता ने कहा कि यह सिर्फ तीन नेताओं की रिहाई नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक अधिकारों की जीत है। प्रशासन ने जिस तरह से चेहरा देखकर कार्रवाई की, उससे जनता में आक्रोश है। कांग्रेस इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करेगी और दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई तक संघर्ष जारी रखेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed