उमरिया।खुद को संगठन का सर्वेसर्वा मानने वाली मोटू-पतलू की जोड़ी एक बार फिर मैदान में उतर आई है। जनाब अब अधिकारियों से लेकर व्यापारियों तक के दरवाजे खटखटा रहे हैं। यह कोई नई बात नहीं है, इन चंदा वीरों से उमरिया पहले ही त्रस्त हो चुका है। आए दिन संगठन का नाम लेकर कभी कार्यक्रम तो कभी किसी आयोजन का हवाला देकर वसूली की मुहिम चलती रहती है। मजेदार बात यह है कि इस जोड़ी ने अपने कुछ खास चमचे भी पाल रखे हैं, जो अलग-अलग विभागों में संगठन की धौंस दिखाकर दलाली की पटकथा लिख रहे हैं। फिलहाल मोटू-पतलू आगामी कार्यक्रम के नाम पर कितनी वसूली करते हैं, यह आगे पता चलेगा।