मेडिकल कॉलेज में इलाज की जगह बदसलूकी? नर्सिंग स्टाफ और सुरक्षाकर्मियों पर गंभीर आरोप, वायरल वीडियो से मचा बवाल
शहडोल । जिले के मेडिकल कॉलेज में एक बार फिर मरीजों और परिजनों के साथ दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है। इलाज कराने पहुंचे एक युवक ने नर्सिंग स्टाफ और सुरक्षाकर्मियों पर अभद्रता, धमकाने और मोबाइल छीनने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद मेडिकल कॉलेज की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे हैं।
शिकायतकर्ता शिव यादव, निवासी कमला बाबू कॉलोनी, ने सुहागपुर थाना में शिकायत दर्ज कराई है। पीड़ित के अनुसार वह अपने जीजा का इलाज कराने मेडिकल कॉलेज पहुंचा था। दुर्घटना में घायल परिजन के साथ घर की महिलाएं और अन्य सदस्य भी मौजूद थे। आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद नर्सिंग स्टाफ, जिसका नाम राजू बताया गया है, ने मरीज को समय पर देखने के बजाय अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया।
शिकायत में कहा गया है कि जब मरीज को जल्द देखने का आग्रह किया गया तो संबंधित कर्मचारी ने कहा कि “मेरे पास सिर्फ यही मरीज नहीं है, सैकड़ों मरीज इंतजार कर रहे हैं, तुम्हारे जैसे बहुत आते हैं।” आरोप है कि इसके बाद मामला और बढ़ गया तथा साथ आई महिला परिजनों से भी बदतमीजी की गई।
पीड़ित का कहना है कि नर्सिंग स्टाफ ने फोन कर सुरक्षाकर्मियों को बुला लिया, जिन्होंने मौके पर पहुंचकर दबंगई दिखाई। आरोप है कि परिजनों का मोबाइल छीन लिया गया और मरीज को छोड़कर हुज्जतबाजी की गई। वायरल वीडियो में कुछ लोग बहस करते दिखाई दे रहे हैं, जबकि महिलाएं बीच-बचाव करती नजर आ रही हैं। सोशल मीडिया पर वीडियो को लेकर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं और अस्पताल प्रबंधन पर सवाल उठा रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मेडिकल कॉलेज में इस तरह की घटनाएं आए दिन सामने आती रहती हैं। इलाज की उम्मीद लेकर पहुंचने वाले मरीजों को कई बार अव्यवस्था, लापरवाही और कर्मचारियों के दुर्व्यवहार का सामना करना पड़ता है। यही वजह है कि अब लोगों का भरोसा मेडिकल कॉलेज से उठता जा रहा है और कई मरीज मजबूरी में निजी अस्पतालों का रुख कर रहे हैं।
पीड़ित शिव यादव ने मीडिया के सामने बयान जारी कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय पर इलाज नहीं मिला और इसी तरह का व्यवहार होता रहा तो किसी दिन बड़ी अनहोनी भी हो सकती है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में जांच कर जिम्मेदारों पर कार्रवाई करता है या फिर यह मामला भी अन्य शिकायतों की तरह ठंडे बस्ते में चला जाएगा।