144वें भगवान श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव का भव्य आगाज़ 15 जुलाई से 12 दिवसीय धार्मिक महोत्सव में वाहन रैली, 51 शंखनाद, 1100 दीपों की महाआरती, चार भव्य रथ, अखाड़े, झांकियां, भजन संध्या और महाभंडारे सहित होंगे अनेक दिव्य आयोजन
144वें भगवान श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव का भव्य आगाज़ 15 जुलाई से
12 दिवसीय धार्मिक महोत्सव में वाहन रैली, 51 शंखनाद, 1100 दीपों की महाआरती, चार भव्य रथ, अखाड़े, झांकियां, भजन संध्या और महाभंडारे सहित होंगे अनेक दिव्य आयोजन
कटनी।। धर्म, आस्था और सनातन संस्कृति की अनुपम छटा से सराबोर होने जा रहा नगर एक बार फिर भगवान श्री जगन्नाथ स्वामी की भक्ति में रंगने के लिए तैयार है। श्री जगदीश स्वामी मंदिर समिति द्वारा आयोजित 144वां भव्य भगवान श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव इस वर्ष 15 जुलाई से 27 जुलाई 2026 तक अत्यंत श्रद्धा, भव्यता और पारंपरिक वैभव के साथ आयोजित किया जाएगा। यह महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि नगर की सांस्कृतिक पहचान और वर्षों से चली आ रही आस्था की परंपरा का जीवंत उत्सव है, जिसमें नगर का प्रत्येक वर्ग पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ सहभागी बनता है।
श्री जगदीश स्वामी मंदिर समिति के अध्यक्ष प्रमोद सरावगी एवं रथयात्रा महोत्सव समिति के अध्यक्ष विजय ठाकुर ने पत्रकार वार्ता में महोत्सव की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष भी हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में भगवान श्री जगन्नाथ, बलभद्र एवं माता सुभद्रा की दिव्य रथयात्रा नगर भ्रमण करेगी। इस अवसर पर नगर की सामाजिक संस्थाएं, मातृशक्ति, युवा संगठन एवं विभिन्न धार्मिक मंडलियां सक्रिय सहभागिता निभाएंगी।
15 जुलाई को निकलेगी विशाल वाहन रैली
महोत्सव का शुभारंभ 15 जुलाई (बुधवार) को शाम 5 बजे जगन्नाथ मंदिर, जगन्नाथ चौक से विशाल वाहन रैली के साथ होगा। रैली नगर के प्रमुख मार्गों से होकर पुनः मंदिर पहुंचेगी। इस दौरान दक्षिणमुखी हनुमान मंदिर, काल भैरव सेवा समिति, बागेश्वर धाम शिष्य मंडल, संस्कृति महिला मंडल, महादेव सेवा समिति, केलवारा महादेव सेवा समिति, शक्ति महिला मिलन ग्रुप, गहोई समाज महिला मंडल एवं जगन्नाथ महिला मंडल सहित अनेक धार्मिक एवं सामाजिक संस्थाएं शामिल होंगी। समापन पर महाआरती एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा।
16 जुलाई को 51 शंखनाद और 1100 दीपों की महाआरती के साथ निकलेगी भव्य रथयात्रा
16 जुलाई (गुरुवार) को प्रातः 10 बजे सरावगी परिवार द्वारा भगवान को नवीन पोशाक अर्पित कर महाआरती एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा। इसके पश्चात शाम 4 बजे 51 शंखों के मंगलनाद के साथ भगवान श्री जगन्नाथ, बलभद्र एवं माता सुभद्रा रथों पर विराजमान होंगे। 1100 दीपों की भव्य महाआरती के बाद ऐतिहासिक रथयात्रा प्रारंभ होगी।
इस वर्ष रथयात्रा का विशेष आकर्षण यह रहेगा कि मुख्य रथ के अतिरिक्त भगवान जगन्नाथ, बलभद्र एवं माता सुभद्रा के तीन अलग-अलग रथ भी श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ निकलेंगे। शोभायात्रा में आकर्षक झांकियां, अखाड़ों के प्रदर्शन, दिल्ली इस्कॉन की भजन मंडली, दक्षिण भारत की कथक नृत्य प्रस्तुतियां, श्याम-श्याम भजन मंडली तथा पहली बार बजरंग बाल रामायण महिला भजन मंडली की सहभागिता श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण होगी।
रथयात्रा जगन्नाथ चौक से प्रारंभ होकर आजाद चौक, शेर चौक, झंडा बाजार, कपड़ा बाजार एवं सुभाष चौक होते हुए श्री राधा-कृष्ण मंदिर, सब्जी मंडी पहुंचेगी, जहां भगवान 22 जुलाई तक भक्तों को दर्शन देंगे।

17 से 21 जुलाई तक प्रतिदिन होंगे भजन-कीर्तन
राधा-कृष्ण मंदिर, सब्जी मंडी में 17 जुलाई से 21 जुलाई तक प्रतिदिन शाम 6 बजे से भजन-कीर्तन, महाआरती एवं प्रसाद वितरण का आयोजन होगा। इस दौरान श्रद्धालु भगवान श्री जगन्नाथ के निकट रहकर भक्ति रस का आनंद प्राप्त करेंगे।
23 जुलाई को निकलेगी माता जानकी की रथयात्रा, उसी दिन होगी प्रभु की वापसी
23 जुलाई (गुरुवार) को शाम 4 बजे माता जानकी का रथ भगवान को वापस लाने के लिए जगन्नाथ चौक से निकलेगा। इसके पश्चात शाम 6 बजे राधा-कृष्ण मंदिर, सब्जी मंडी से भगवान श्री जगन्नाथ की भव्य वापसी यात्रा प्रारंभ होगी। वापसी यात्रा में अखाड़े, झांकियां, भजन मंडलियां एवं हजारों श्रद्धालु शामिल होंगे। नगर के विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों द्वारा मार्ग में भगवान की आरती एवं प्रसाद वितरण किया जाएगा।
24 से 26 जुलाई तक भक्ति संगीत की त्रिवेणी
महोत्सव के अंतर्गत प्रतिदिन संध्या समय भक्ति संध्याओं का आयोजन होगा।
24 जुलाई को श्री जी सेवा संकीर्तन समिति द्वारा रंगारंग भजन संध्या प्रस्तुत की जाएगी।
25 जुलाई को BBRS एवं कटनी की समस्त महिला सामाजिक संस्थाओं द्वारा सुमधुर राममय भजन संध्या आयोजित होगी।
26 जुलाई को बजरंग बाल रामायण समाज द्वारा “एक शाम जगन्नाथ प्रभु के नाम” कार्यक्रम आयोजित होगा, जिसमें सुंदर भजनों के साथ समिति के सहयोगियों का सम्मान भी किया जाएगा।
27 जुलाई को हवन, ब्राह्मण भोज, कन्या पूजन एवं महाभंडारे के साथ होगा समापन
27 जुलाई (सोमवार) को प्रातः 10 बजे जगन्नाथ रसोई परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन-पूजन, ब्राह्मण भोज एवं कन्या पूजन संपन्न होगा। इसके पश्चात विशाल महाभंडारे का आयोजन किया जाएगा, जो प्रभु की इच्छा तक चलता रहेगा।
कटनी की पहचान बन चुका है जगन्नाथ महोत्सव
भगवान श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव आज केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि कटनी नगर की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का प्रतीक बन चुका है। नगर के प्रत्येक वर्ग—व्यापारी, समाजसेवी, महिलाएं, युवा, विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठन तथा हजारों श्रद्धालु—इस महोत्सव में अपनी सहभागिता निभाते हैं। वर्षों पुरानी यह परंपरा आज भी उसी श्रद्धा और उल्लास के साथ निभाई जा रही है, जिसके कारण रथयात्रा के दौरान पूरा शहर भक्ति, सेवा और उत्सव के रंग में रंग जाता है।
समिति अध्यक्ष प्रमोद सरावगी, रथयात्रा महोत्सव समिति अध्यक्ष विजय ठाकुर, सचिव शिवकुमार सोनी सहित समिति के सभी पदाधिकारियों ने नगरवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर भगवान श्री जगन्नाथ के दिव्य दर्शन करें, रथयात्रा में सहभागी बनें तथा धर्म लाभ प्राप्त करें। समिति का विश्वास है कि नगरवासियों के सहयोग से 144वां भगवान श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव पूर्व वर्षों की तरह इस वर्ष भी ऐतिहासिक, भव्य और अविस्मरणीय बनेगा।