स्थायीकरण की मांग पर संविदा कर्मियों का हल्ला बोल,संघर्ष मंच जिला इकाई ने मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन
शहडोल।मध्यप्रदेश में संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण को लेकर अब आंदोलन तेज हो गया है। इसी कड़ी में सोमवार को संविदा संयुक्त संघर्ष मंच जिला इकाई ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इससे पहले जनपद पंचायत सोहागपुर कार्यालय से बड़ी संख्या में संविदा अधिकारी-कर्मचारी रैली निकालकर नारेबाजी करते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचे।वर्षों से सेवा, लेकिन समाधान अधूरा
जिला संयोजक मनोज कुमार मिश्रा ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न विभागों, योजनाओं तथा केंद्र और राज्य पोषित परियोजनाओं में लंबे समय से कार्यरत संविदा कर्मचारियों को अब तक स्थाई समाधान नहीं मिला है। वर्षों की सेवा के बाद भी कर्मचारियों को असुरक्षा और अनिश्चितता का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञापन में रखी गई अहम माँगें
ज्ञापन में कर्मचारियों के हित से जुड़ी कई बड़ी माँगें रखी गईं। इनमें शामिल हैं 22 जुलाई 2023 की संविदा नीति का लाभ सभी विभागों और योजनाओं में लागू हो।संविदा कर्मचारियों को महंगाई भत्ता और वार्षिक वेतनवृद्धि दी जाए।वरिष्ठता के आधार पर पदोन्नति का प्रावधान सुनिश्चित किया जाए।भर्ती प्रक्रिया में अंतिम परीक्षा के 50% अंक और शेष अनुभव के अंक जोड़कर वरीयता सूची बनाई जाए, साथ ही न्यूनतम कटऑफ 33% रखा जाए। कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिया जाए और सेवा अवधि को नियमितीकरण में जोड़ा जाए।एक माह के भीतर विभागवार सूची जारी कर नियमितीकरण की प्रक्रिया प्रारंभ की जाए।
विभिन्न पदों का नियमितीकरण प्राथमिकता
मंच ने सरकार से मांग की कि प्रदेश की 43 संविदा समितियों की अनुशंसा पर कृषि विस्तार अधिकारी, पंचायत सचिव, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायक ग्रेड-2, एनआरएलएम, बीसी, डीसी, एबीएम, एसबीएम, डीपीएम, टीएम, कंप्यूटर ऑपरेटर, लेखापाल, ब्लॉक समन्वयक, पंचायत सहायक और रोजगार सहायक समेत विभिन्न पदों को शीघ्र नियमित किया जाए।इसके साथ ही कृषि विभाग में एमपी ऑनलाइन के माध्यम से कार्यरत संविदा कर्मचारियों को भी इस दायरे में शामिल करने की बात कही गई।
आंदोलन की चेतावनी
संगठन ने साफ किया कि यदि शीघ्र ही शासन स्तर पर ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो संविदा कर्मचारी आंदोलन करने को बाध्य होंगे। मंच का कहना है कि यह केवल आजीविका का सवाल नहीं, बल्कि सरकारी तंत्र की सुचारु कार्यप्रणाली से जुड़ा हुआ विषय है।
भारी संख्या में जुटे संविदा कर्मचारी
ज्ञापन सौंपते समय संविदा कर्मचारियों का बड़ा हुजूम मौजूद रहा। इस दौरान परियोजना अधिकारी जिला पंचायत संतोष वाल्मीकि, पी. सातपुते, स्वच्छ भारत मिशन के जिला समन्वयक दिनेश कुमार मिश्रा, जिला पंचायत लेखाधिकारी आशुतोष खरे, सामाजिक अंकेक्षण के जिला समन्वयक शैलेश जैन, एनआरएलएम के जिला प्रबंधक संदीप सिंह, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी दिवाकर सिंह, अनुराग निगम, श्रीमती रानी महोबिया, अंशुल जैन, सुनील गुप्ता, राजकुमार गौतम, हरिकिशन सोनी, ग्राम रोजगार सहायक संगठन के जिला अध्यक्ष शिवाकांत मिश्रा सहित बड़ी संख्या में संविदा कर्मी शामिल हुए।
सभी ने एक स्वर में नियमितीकरण की मांग को सरकार तक पहुँचाने का संकल्प लिया।