ड्यूटी टाइम में ‘निद्रा सत्र’? वायरल फोटो से शिक्षा विभाग पर सवाल
शहडोल। शिक्षा के मंदिर कहे जाने वाले स्कूल से आई एक तस्वीर ने सिस्टम की नींद उड़ा दी है। शासकीय धनपुरी बॉयज़ स्कूल में पदस्थ एक शिक्षक, जिन्हें स्थानीय लोग साहू जी बता रहे हैं, कथित तौर पर स्कूल समय में कक्षा के कोने में चादर बिछाकर आराम फरमाते नजर आए। जैसे ही तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई, शिक्षा व्यवस्था पर सवालों की बौछार शुरू हो गई।बच्चों का भविष्य या ‘निद्रा योग’?
तस्वीर में दिख रहा दृश्य लोगों को चुभ रहा है। सवाल सीधा है जब पढ़ाने का समय हो, तब अगर गुरुजी ही विश्राम में हों तो बच्चों को ज्ञान कौन देगा? क्या अब सरकारी स्कूलों में पढ़ाई के साथ आराम सत्र भी शुरू हो गया है?
अभिभावकों का कहना है कि वे अपने बच्चों को बेहतर भविष्य की उम्मीद से स्कूल भेजते हैं। लेकिन अगर कक्षा में पढ़ाई की जगह आराम चलता मिले, तो भरोसा किस पर किया जाए?
पहले से खराब छवि, अब नई किरकिरी
सरकारी स्कूल पहले ही कम रिजल्ट और अव्यवस्थाओं को लेकर आलोचना झेलते रहे हैं। ऐसे में यह तस्वीर आग में घी का काम कर रही है। लोग पूछ रहे हैं क्या निरीक्षण सिर्फ कागजों तक सीमित है? क्या स्कूलों में जिम्मेदारी तय करने वाला कोई है?
जांच की मांग तेज
हालांकि पूरे मामले में अभी तक स्कूल प्रबंधन या संबंधित शिक्षक का आधिकारिक पक्ष सामने नहीं आया है। यह स्पष्ट नहीं है कि तस्वीर कब और किन परिस्थितियों में ली गई। लेकिन तस्वीर ने जो संदेश दिया है, उसने व्यवस्था की कार्यप्रणाली पर बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है। स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने शिक्षा विभाग से तत्काल जांच और जवाबदेही तय करने की मांग की है।