छोटे शहर से बड़े मंच तक: शहडोल के अभिषेक चौहान ने चंडीगढ़ में रचा कोचिंग का नया अध्याय
मध्य प्रदेश के शहडोल जिले से निकलकर चंडीगढ़ जैसे बड़े खेल केंद्र में अपनी अलग पहचान बनाना आसान नहीं होता, लेकिन अभिषेक सिंह चौहान ने इसे अपने जज़्बे और परिश्रम से संभव कर दिखाया है। आज वे क्रिकेट कोचिंग की दुनिया में एक भरोसेमंद नाम बन चुके हैं और उनकी सफलता शहडोल सहित पूरे प्रदेश के लिए गौरव का विषय है।
अभिषेक सिंह चौहान इन दिनों भारत के पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर, चर्चित कोच एवं अभिनेता योगराज सिंह के मार्गदर्शन में कार्य कर रहे हैं। अनुशासन, कठोर प्रशिक्षण और मानसिक मजबूती के लिए पहचाने जाने वाले योगराज सिंह के सान्निध्य ने अभिषेक की कोचिंग सोच को नई दिशा दी है। तकनीकी बारीकियों के साथ-साथ उन्होंने खिलाड़ियों में आत्मविश्वास, जीत की मानसिकता और अनुशासित जीवनशैली विकसित करने पर विशेष जोर देना शुरू किया है।
हाल ही में अभिषेक सिंह चौहान को क्रिकेट के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान और खिलाड़ियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए तैयार करने की क्षमता के चलते “बेस्ट कोच अवॉर्ड” से सम्मानित किया गया। यह उपलब्धि उनके वर्षों के निरंतर अभ्यास, समर्पण और क्रिकेट के प्रति गहरी प्रतिबद्धता का प्रमाण है। वे खिलाड़ियों की तकनीक सुधारने के साथ फिटनेस, मैच रणनीति और मानसिक तैयारी जैसे पहलुओं पर भी बराबर ध्यान देते हैं।
शहडोल जैसे छोटे जिले से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाना कई युवाओं का सपना होता है, लेकिन अभिषेक ने इसे हकीकत में बदला है। उनका सफर यह संदेश देता है कि सीमित संसाधन भी बड़े सपनों की राह में बाधा नहीं बनते, अगर मेहनत और लक्ष्य स्पष्ट हों।
अभिषेक सिंह चौहान की यह सफलता न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि शहडोल और मध्य प्रदेश के लिए भी प्रेरणादायक कहानी है। आने वाले समय में उनका अनुभव और संघर्ष युवा खिलाड़ियों व उभरते कोचों को आगे बढ़ने की नई ऊर्जा देता रहेगा।