ट्रकों की भीषण भिड़ंत: स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता दिखाकर बचाई चालकों की जान
शहडोल। जिले के जयसिंहनगर और गोहपारू थाना क्षेत्र की सीमा पर स्थित चूँदी नदी के पास रविवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। यहाँ दो ट्रकों के बीच सामने से इतनी जोरदार भिड़ंत हुई कि दोनों वाहनों के अगले हिस्से यानी केबिन पूरी तरह से पिचक गए। इस दर्दनाक हादसे में दोनों ट्रकों के चालक अंदर ही बुरी तरह फंस गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। चीख-पुकार सुनकर घटना स्थल पर सबसे पहले आस-पास के स्थानीय लोग और ग्रामीण पहुंचे। ग्रामीणों ने बिना वक्त गंवाए अपनी सूझबूझ और कड़ी मशक्कत से दोनों चालकों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे उनकी जान बच सकी।
सुबह-सुबह हुए इस हादसे की आवाज सुनकर चुन्दी नदी के आस-पास रहने वाले ग्रामीण तुरंत मौके की तरफ दौड़े। वहां का नजारा बेहद भयावह था; दोनों ट्रकों के केबिन आपस में इस तरह फंस चुके थे कि चालकों का खुद से बाहर निकल पाना नामुमकिन था। स्थानीय लोगों ने तुरंत मोर्चा संभाला और राहत कार्य में जुट गए।
ग्रामीणों ने सबसे पहले भारी वाहनों की व्यवस्था की और उनकी मदद से दोनों दुर्घटनाग्रस्त ट्रकों को पीछे की तरफ खिंचवाया। इसके बाद लोहे की रॉड, सब्बल और अन्य देसी औजारों का इंतजाम कर ग्रामीणों ने कड़े संघर्ष के बाद केबिन के ढँचे को कतरकर और फैलाकर रास्ता बनाया। घंटों चली इस भारी मशक्कत के बाद दोनों फंसे हुए चालकों को एक-एक कर सुरक्षित बाहर निकाला गया। इसके बाद स्थानीय लोगों ने ही बिना देरी किए एम्बुलेंस और वाहनों का प्रबंध कर घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल भिजवाया, जहाँ डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है।
वहाँ मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय निवासियों का कहना है कि सुबह के समय वाहनों की रफ्तार काफी तेज थी। ढलान और मोड़ होने के कारण संभवतः एक ट्रक चालक अपना नियंत्रण खो बैठा, जिससे यह आमने-सामने की टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रकों के परखच्चे उड़ गए। ग्रामीणों ने बताया कि अगर समय रहते वे लोग मौके पर पहुंचकर केबिन को काटकर चालकों को बाहर नहीं निकालते, तो अधिक खून बहने के कारण कोई बड़ा हादसा हो सकता था। इस पूरे रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान स्थानीय युवाओं और ग्रामीणों ने एकजुटता दिखाकर अपनी मानवीय जिम्मेदारी निभाई। फिलहाल दोनों चालकों की हालत स्थिर बताई जा रही है और घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।