रेत के अवैध कारोबार का रास्ता बंद करने मैदान में उतरा प्रशासन,कच्चे रास्ते होंगे जमींदोज खदानों से लेकर परिवहन मार्गों तक होगी घेराबंदी, ढीमरखेड़ा में पुलिस-खनिज विभाग की संयुक्त कार्रवाई कलेक्टर और एसपी के निर्देश पर दतला, दशरमन और कछारगांव में निरीक्षण, चेक पॉइंट बनाकर शुरू की निगरानी
रेत के अवैध कारोबार का रास्ता बंद करने मैदान में उतरा प्रशासन,कच्चे रास्ते होंगे जमींदोज
खदानों से लेकर परिवहन मार्गों तक होगी घेराबंदी, ढीमरखेड़ा में पुलिस-खनिज विभाग की संयुक्त कार्रवाई कलेक्टर और एसपी के निर्देश पर दतला, दशरमन और कछारगांव में निरीक्षण, चेक पॉइंट बनाकर शुरू की निगरानी
कटनी। रेत के अवैध कारोबार में लगे लोगों के लिए अब संभलने का वक्त है। प्रशासन ने साफ संकेत दे दिए हैं कि जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन का खेल अब मनमाने ढंग से नहीं चलने दिया जाएगा। कार्रवाई केवल रेत से भरे वाहनों को पकड़ने तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि उन रास्तों और व्यवस्थाओं पर भी सीधा प्रहार होगा, जिनके सहारे अवैध कारोबार को अंजाम दिया जाता है। ढीमरखेड़ा क्षेत्र में पुलिस और खनिज विभाग की संयुक्त कार्रवाई इसी सख्त रणनीति का हिस्सा है।
कलेक्टर आशीष तिवारी और पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा के निर्देश पर प्रशासन ने ढीमरखेड़ा क्षेत्र की रेत खदानों और उनसे जुड़े परिवहन मार्गों की निगरानी तेज कर दी है। संयुक्त टीम ने दतला, दशरमन और कछारगांव स्थित स्वीकृत रेत खदानों का निरीक्षण कर वहां तक पहुंचने वाले अस्थायी कच्चे रास्तों को चिन्हित किया है। इन रास्तों को हटाने की कार्रवाई प्रस्तावित है, ताकि अवैध परिवहन के लिए वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल नहीं किया जा सके।
अब सिर्फ वाहन नहीं, अवैध कारोबार के रास्ते भी होंगे निशाने पर
अब तक अवैध रेत परिवहन रोकने के लिए वाहनों की धरपकड़ और कार्रवाई की जाती रही है, लेकिन इस बार प्रशासन ने निगरानी का दायरा बढ़ाते हुए परिवहन के रास्तों को ही बंद करने की तैयारी की है। इसका सीधा संदेश है कि नियमों को दरकिनार कर रेत का उत्खनन और परिवहन करने वालों के लिए बच निकलने के रास्ते आसान नहीं रहेंगे।
चेक पॉइंट से होगी हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर
अवैध रेत परिवहन पर प्रभावी निगरानी के लिए क्षेत्र में चेक पॉइंट स्थापित किया गया है। यहां पुलिस और खनिज विभाग की संयुक्त टीम वाहनों की आवाजाही पर नजर रखेगी। संदिग्ध गतिविधियों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इससे मुख्य मार्गों के साथ-साथ खदानों से जुड़े परिवहन नेटवर्क पर भी निगरानी रखने की व्यवस्था की गई है।
अधिकारियों के निर्देश पर मैदान में उतरी संयुक्त टीम
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमल मौर्य एवं उप संचालक खनिज रत्नेश दीक्षित के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान ढीमरखेड़ा और सिलौड़ी थाना प्रभारी सहित पुलिस बल एवं खनिज विभाग का अमला मौजूद रहा। प्रशासन की इस पहल को अवैध रेत कारोबार पर नियंत्रण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अब निगरानी, कच्चे रास्तों को हटाने की कार्रवाई और चेक पॉइंट की व्यवस्था के जरिए अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने की तैयारी है। रेत के कारोबार से जुड़े लोगों के लिए संदेश साफ है—स्वीकृत नियमों के दायरे में ही उत्खनन और परिवहन होगा, नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।