नगर निगम में अनिश्चितकालीन हड़ताल, कर्मचारियों का कार्य बहिष्कार, शहर की सफाई-पानी व्यवस्था पर संकट के संकेत अल्टीमेटम खत्म होते ही निगम कर्मचारियों का बड़ा फैसला, कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
नगर निगम में अनिश्चितकालीन हड़ताल, कर्मचारियों का कार्य बहिष्कार, शहर की सफाई-पानी व्यवस्था पर संकट के संकेत
अल्टीमेटम खत्म होते ही निगम कर्मचारियों का बड़ा फैसला, कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
कटनी। नगर निगम के अतिक्रमण विरोधी दल के कर्मचारी के साथ हुई मारपीट की घटना अब बड़े प्रशासनिक और जनसुविधा संकट का रूप लेती दिखाई दे रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर नगर निगम के अधिकारी एवं कर्मचारी शुक्रवार सुबह से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। कर्मचारियों द्वारा प्रशासन को दिया गया समय समाप्त होने के बाद निगम का नियमित कामकाज प्रभावित हो गया और बड़ी संख्या में कर्मचारी निगम कार्यालय परिसर में एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन करने लगे।
जानकारी के अनुसार, कर्मचारियों ने पहले ही चेतावनी दी थी कि यदि निर्धारित समय सीमा तक दोषियों के विरुद्ध ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो नगर निगम का कामकाज ठप कर दिया जाएगा। कर्मचारियों का कहना है कि ड्यूटी के दौरान कर्मचारी पर हमला केवल एक व्यक्ति पर हमला नहीं बल्कि पूरे शासकीय तंत्र और कार्यस्थल की सुरक्षा पर प्रश्नचिह्न है।
सुबह तय समय तक कोई स्पष्ट कार्रवाई सामने नहीं आने के बाद कर्मचारियों ने अपनी सीटों पर बैठने के बजाय कार्यालय गेट पर एकजुट होकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद सामूहिक रूप से कार्य बहिष्कार करते हुए अनिश्चितकालीन हड़ताल की घोषणा कर दी गई।
सुरक्षा नहीं तो काम नहीं,कर्मचारियों का स्पष्ट संदेश
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि यदि सरकारी कर्मचारी अपने कार्यस्थल पर सुरक्षित नहीं रहेंगे तो भविष्य में शासकीय कार्य प्रभावित होना तय है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि गंभीर मारपीट की घटना के बावजूद अब तक दोषियों के विरुद्ध अपेक्षित सख्त कार्रवाई नहीं की गई, जिससे कर्मचारियों में असुरक्षा और नाराजगी बढ़ी है। कर्मचारी संगठनों ने कहा कि यदि समय रहते मांगों पर निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा तथा सभी विभागों में कार्य बहिष्कार की रणनीति बनाई जाएगी।
शहर की दैनिक व्यवस्थाओं पर पड़ सकता है सीधा असर
नगर निगम कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल का असर केवल कार्यालयी कामकाज तक सीमित नहीं रह सकता। नगर निगम के माध्यम से संचालित होने वाली कई आवश्यक सेवाएं प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।
इन सेवाओं पर असर संभव,शहर की दैनिक सफाई व्यवस्था, घरों तक जल आपूर्ति और वितरण व्यवस्था, कचरा संग्रहण कार्य,नालियों और सार्वजनिक स्थलों का रखरखाव,राजस्व और नागरिक सेवाओं से जुड़े कार्य,मैदानी अमले की नियमित गतिविधियां यदि हड़ताल लंबी चलती है तो इसका सीधा प्रभाव आम नागरिकों के दैनिक जीवन पर दिखाई दे सकता है।
पहले भी दिया गया था आंदोलन का संकेत
गुरुवार को भी कर्मचारियों ने दो घंटे तक कार्य बंद रखकर प्रदर्शन किया था। उस दौरान कर्मचारियों ने प्रशासन को शुक्रवार सुबह 10 बजे तक का अल्टीमेटम दिया था और स्पष्ट कहा था कि यदि कार्रवाई नहीं हुई तो नगर निगम कार्यालय का संचालन प्रभावित किया जाएगा। आज उसी चेतावनी के बाद आंदोलन अगले चरण में पहुंच गया।
प्रशासन की ओर से स्थिति स्पष्ट नहीं
खबर लिखे जाने तक प्रशासन की ओर से यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि आरोपियों के विरुद्ध अब तक क्या कार्रवाई की गई है या कर्मचारियों से वार्ता को लेकर क्या रणनीति बनाई जा रही है। आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आने से स्थिति को लेकर असमंजस बना हुआ है। फिलहाल नगर निगम परिसर में कर्मचारियों का विरोध जारी है और शहर की नजर अब प्रशासन की अगली कार्रवाई तथा संभावित समाधान पर टिकी हुई है।