स्कूल की बदहाल व्यवस्था पर जेन अल्फा का विरोध, कक्षा में पानी भरने से परेशान छात्राएं कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं
स्कूल की बदहाल व्यवस्था पर जेन अल्फा का विरोध, कक्षा में पानी भरने से परेशान छात्राएं कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं
शहडोल। स्कूलों की बदहाल व्यवस्थाओं, जर्जर भवनों और पढ़ाई से जुड़ी समस्याओं को लेकर देशभर में सामने आ रहे जेन अल्फा के विरोध के बीच शहडोल मुख्यालय से भी ऐसा ही मामला सामने आया है। शुक्रवार को शहर के गांधी चौक स्थित संभाग के प्रमुख विद्यालयों में शामिल रघुराज क्रमांक-1 एवं रघुराज क्रमांक-2 की कक्षा 11वीं की छात्राओं का एक समूह अपनी समस्याएं लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचा। छात्राओं ने स्कूल में बारिश के दौरान कक्षाओं में पानी भरने, जर्जर भवन की स्थिति और पढ़ाई प्रभावित होने की समस्या को लेकर विरोध दर्ज कराया तथा कलेक्टर के नाम हाथ से लिखा आवेदन सौंपा।
छात्राओं द्वारा दिए गए आवेदन में मुख्य रूप से कक्षा में बारिश का पानी भर जाने की समस्या का उल्लेख किया गया है। छात्राओं का कहना है कि बारिश के दौरान कक्षा की स्थिति ऐसी हो जाती है कि वहां बैठकर पढ़ाई करना मुश्किल हो जाता है। पानी के कारण फर्श गीला हो जाता है और विद्यार्थियों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। छात्राओं ने अपने आवेदन में यह भी बताया कि बारिश के दौरान कक्षा में पानी आने की समस्या लगातार बनी हुई है, जिससे पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
छात्राओं ने बातचीत के दौरान यह भी बताया कि जब बारिश होती है तो कक्षा के भीतर पानी टपकने और भरने की स्थिति बन जाती है। उनके अनुसार, इस समस्या को लेकर जब उन्होंने अपनी परेशानी बताई तो उन्हें छाता लेकर आने की बात कही गई। छात्राओं का सवाल है कि यदि पढ़ाई करने के लिए कक्षा में ही पानी भर रहा हो और छाता लेकर बैठने की नौबत आ जाए, तो वे आखिर पढ़ाई किस तरह कर पाएंगी।
मौके से सामने आई तस्वीरें भी विद्यालय की स्थिति पर सवाल खड़े करती हैं। कक्षाओं की दीवारों पर जगह-जगह सीलन और उखड़ा हुआ प्लास्टर दिखाई दे रहा है। छत की हालत भी खराब नजर आ रही है। कई स्थानों पर दीवारों की पपड़ी उखड़ी हुई है और बारिश के दौरान कक्षा के फर्श पर पानी जमा होने की तस्वीरें सामने आई हैं। ऐसे वातावरण में विद्यार्थियों के लिए नियमित रूप से कक्षाएं संचालित करना चुनौतीपूर्ण नजर आता है।
यह पहला मौका नहीं है जब शहडोल में स्कूलों की समस्याओं को लेकर जेन अल्फा की आवाज सामने आई है। इससे पहले कंचनपुर छात्रावास की दर्जनों छात्राएं अपनी समस्याओं को लेकर सड़क पर आई थीं और कलेक्टर से मुलाकात की थी। वहीं बुढार विकासखंड में कक्षा पांचवीं के एक बच्चे ने खराब सड़क और स्कूल तक पहुंचने के लिए जर्जर रास्ते की समस्या को लेकर विरोध जताया था। अब रघुराज क्रमांक-2 की छात्राओं का कलेक्टर कार्यालय पहुंचना यह संकेत देता है कि स्कूल शिक्षा से जुड़ी बुनियादी समस्याओं को लेकर विद्यार्थियों में अपनी बात सीधे जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचाने का आत्मविश्वास बढ़ रहा है।
कलेक्टर कार्यालय में छात्राओं का आवेदन लिया गया और उनकी समस्याओं के जल्द निराकरण का आश्वासन दिए जाने की बात सामने आई है। अब देखना होगा कि संभाग के प्रमुख विद्यालयों में शामिल रघुराज क्रमांक-1 एवं क्रमांक-2 की इन समस्याओं का समाधान कितनी जल्दी होता है और बारिश के बीच विद्यार्थियों को सुरक्षित एवं बेहतर शैक्षणिक वातावरण कब मिल पाता है।