वन भूमि पर अतिक्रमण की कोशिश नाकाम, मौके पर पहुंचा वन अमला पिपरिया बीट में करीब 60-70 महिलाओं द्वारा वन भूमि की सफाई की सूचना पर कार्रवाई, अधिकारियों ने समझाइश देकर रुकवाया काम
वन भूमि पर अतिक्रमण की कोशिश नाकाम, मौके पर पहुंचा वन अमला
पिपरिया बीट में करीब 60-70 महिलाओं द्वारा वन भूमि की सफाई की सूचना पर कार्रवाई, अधिकारियों ने समझाइश देकर रुकवाया काम
कटनी।। वनमंडल के बड़वारा परिक्षेत्र अंतर्गत पिपरिया बीट में वन भूमि पर अतिक्रमण की कोशिश को वन विभाग के अमले ने मौके पर पहुंचकर रोक दिया। ग्राम पिपरिया की करीब 60-70 महिलाओं द्वारा वन भूमि की सफाई किए जाने की सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और कार्य रुकवाया। मौके पर वनमंडलाधिकारी (डीएफओ) गर्वित गंगवार एवं बड़वारा रेंज अधिकारी दशमत सिंह ने वन अमले के साथ ग्रामीणों से चर्चा की। अधिकारियों ने ग्रामीणों को वन भूमि पर अतिक्रमण अथवा अवैध कटाई-सफाई से होने वाली कानूनी कार्रवाई के संबंध में जानकारी दी।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि वन अधिकार अधिनियम (FRA) के तहत व्यक्तिगत वन अधिकार के लिए निर्धारित पात्रता एवं कट-ऑफ तिथि का पालन आवश्यक है। अधिकारियों के अनुसार, व्यक्तिगत वन अधिकार के दावों के लिए 13 दिसंबर 2005 से पूर्व से वन भूमि पर काबिज होने की शर्त महत्वपूर्ण है। वहीं, सामुदायिक वन अधिकारों के प्रावधानों का अर्थ वन भूमि पर मनमाने ढंग से नई बसाहट अथवा खेती के लिए भूमि साफ करने की अनुमति नहीं है।
बहकावे में आकर न करें वन भूमि की सफाई
अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाइश देते हुए कहा कि वे ऐसे किसी व्यक्ति के बहकावे में न आएं, जो नई वन भूमि साफ करवाकर खेती या बसाहट के लिए जमीन दिलाने का दावा करता हो। इस तरह के प्रयास ग्रामीणों को कानूनी परेशानी में डाल सकते हैं।
वन विभाग की समझाइश के बाद ग्रामीणों ने भविष्य में वन भूमि पर अतिक्रमण अथवा कटाई-सफाई नहीं करने का आश्वासन दिया। विभाग द्वारा क्षेत्र में निगरानी एवं गश्त जारी रखने की बात कही गई है, ताकि वन भूमि और वन संपदा को अतिक्रमण से सुरक्षित रखा जा सके।