मौत की रफ्तार का तांडव, रेत माफिया के ‘लालच’ ने ली पिता-पुत्र की जान
शहडोल। जिले के देवलौंद थाना क्षेत्र अंतर्गत एक बार फिर रेत के अवैध कारोबार और तेज रफ्तार का खूनी मंजर देखने को मिला। ग्राम जगमल स्थित शिव शक्ति आश्रम के पास एक अनियंत्रित रेत लदे हाइवा ने बाइक सवार तीन लोगों को बेरहमी से कुचल दिया। इस हृदयविदारक हादसे में पिता-पुत्र की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक अन्य युवक गंभीर रूप से घायल है, जो अस्पताल में अपनी अंतिम सांसों के लिए संघर्ष कर रहा है। एक झटके में उजड़ गया परिवार
पुलिस और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ग्राम चौरी निवासी ईश्वर दीन खैरवार (62), अपने पुत्र गंगा सिंह खैरवार (45) और भतीजे रामकुशल के साथ बाइक से बुढ़वा से ब्यौहारी की ओर जा रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रहे काल बने रेत लदे हाइवा ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि ईश्वर दीन और गंगा सिंह का शरीर क्षत-विक्षत हो गया। घायल रामकुशल को स्थानीय लोगों की मदद से तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी स्थिति अत्यंत नाजुक बनी हुई है।
अवैध उत्खनन और यूपी कनेक्शन
मौत की असल वजह यह सड़क दुर्घटना महज एक ‘संयोग’ नहीं, बल्कि क्षेत्र में सक्रिय खनिज माफिया के दुस्साहस की परिणिति है। स्थानीय सूत्रों और आक्रोशित ग्रामीणों का आरोप है कि देवलौंद और ब्यौहारी के घाटों से प्रतिदिन दर्जनों हाइवा अवैध रेत लेकर उत्तर प्रदेश की सीमाओं में प्रवेश करते हैं।
खनिज विभाग और पुलिस की कार्रवाई से बचने के चक्कर में ये चालक वाहनों को निर्धारित गति सीमा से कहीं अधिक तेज और अनियंत्रित तरीके से चलाते हैं। माफियाओं के बीच अधिक चक्कर लगाने की प्रतिस्पर्धा और ‘सेटिंग’ के खेल में आम आदमी की जान की कोई कीमत नहीं रह गई है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि दुर्घटनाग्रस्त हाइवा भी अवैध रेत से ओवरलोड था, जो कार्रवाई के डर से भागने की फिराक में था।
प्रशासनिक विफलता पर उठते सवाल
गौरतलब है कि बीते 24 घंटों के भीतर जिले में यह दूसरी बड़ी त्रासदी है। इससे पूर्व ब्यौहारी में एक बोरवेल वाहन ने गर्भवती महिला और उसके मासूम बेटे को कुचल दिया था। लगातार हो रही इन मौतों ने जिला प्रशासन और खनिज विभाग की कार्यप्रणाली को कटघरे में खड़ा कर दिया है।
घटना के बाद इलाके में भारी तनाव व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक अवैध परिवहन पर लगाम नहीं लगेगी, तब तक ये सड़कें इसी तरह निर्दोषों के खून से लाल होती रहेंगी। फिलहाल, पुलिस ने वाहन को जब्त कर चालक को हिरासत में ले लिया है, लेकिन बड़ा सवाल यह है कि क्या उन ‘सफेदपोश’ माफियाओं पर भी कार्रवाई होगी, जिनके इशारे पर ये ‘यमदूत’ सड़कों पर दौड़ रहे हैं?