तेंदूपत्ता संग्रहण के दौरान भालू का जानलेवा हमला, 60 वर्षीय बुजुर्ग महिला गंभीर रूप से घायल
प्रशांत कुमार मिश्रा मरवाही
मरवाही वन मंडल के अंतर्गत आने वाले सिवनी परिक्षेत्र में वन्यजीवों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। शनिवार सुबह तेंदूपत्ता संग्रहण के लिए जंगल गई एक बुजुर्ग महिला पर जंगली भालू ने अचानक हमला कर दिया। इस हमले में महिला गंभीर रूप से घायल हो गई है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम धरहर निवासी मनकी बाई प्रजापति (60 वर्ष), पति महाराजी लाल, शनिवार सुबह अन्य महिलाओं के साथ समीपस्थ जंगल में तेंदूपत्ता तोड़ने गई थीं। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे एक जंगली भालू ने उन पर हमला कर दिया। भालू के हमले से मनकी बाई के शरीर पर गंभीर चोटें आई हैं।
साथियों की सूझबूझ से बची जान
घटना के वक्त मौजूद अन्य महिलाओं ने साहस का परिचय देते हुए शोर मचाना शुरू किया। सामूहिक शोर सुनकर भालू महिला को छोड़कर जंगल की ओर भाग गया। तत्काल घटना की सूचना ‘डायल 108’ को दी गई।
त्वरित चिकित्सा सहायता
सूचना मिलते ही आपातकालीन सेवा के ईएमटी गणेश्वर प्रसाद और पायलट दयाशंकर मौके पर पहुंचे। डॉ. हिमांशु नहरेल के दूरभाषीय मार्गदर्शन में स्टाफ ने मौके पर ही जीवन रक्षक दवाइयों और प्राथमिक उपचार की सहायता से महिला की स्थिति को स्थिर किया। इसके पश्चात घायल महिला को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मरवाही में भर्ती कराया गया, जहाँ उनका उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार फिलहाल महिला की स्थिति सामान्य बनी हुई है।
वन विभाग की जिम्मेदारी: वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत, रिहायशी इलाकों के समीप वन्यजीवों की सक्रियता पर निगरानी रखना वन विभाग का उत्तरदायित्व है। ग्रामीणों ने क्षेत्र में गश्त बढ़ाने की मांग की है।
मुआवजा प्रक्रिया: नियमानुसार, वन्यप्राणी हमले में घायल व्यक्ति को वन विभाग द्वारा तत्कालिक सहायता और उपचार के खर्च हेतु उचित मुआवजे का प्रावधान है। परिजनों को इस संबंध में वन विभाग के उच्च अधिकारियों को सूचित करना चाहिए।