मानवता की मिसाल बना आदित्य हॉस्पिटल, मौत से जंग के बीच नवजीवन को दिया सुरक्षित सहारा

शहडोल। चिकित्सा केवल एक पेशा नहीं, बल्कि मानव सेवा का सर्वोच्च माध्यम है। इस कथन को शहडोल के आदित्य सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल ने एक बार फिर चरितार्थ कर दिखाया है। गंभीर सड़क दुर्घटना में घायल गर्भवती महिला और उसके गर्भस्थ शिशु के जीवन पर मंडरा रहे संकट के बीच अस्पताल के चिकित्सकों ने असाधारण संवेदनशीलता, त्वरित निर्णय क्षमता और मानवीय सरोकारों का परिचय देते हुए एक नवजात की जान बचा ली।
अनूपपुर जिले के ग्राम लखेड़ा निवासी श्रीमती भागवती सिंह, पति कमल सिंह, दोपहिया वाहन दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। हादसे में उनके सिर पर गंभीर चोटें आईं, जिसके कारण उनकी स्थिति अत्यंत चिंताजनक हो गई। प्रारंभिक उपचार के बाद उन्हें उच्च चिकित्सा सुविधा के लिए रेफर कर दिया गया था, लेकिन रास्ते में उनकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई। इसी दौरान गर्भ में पल रहे शिशु का जीवन भी संकट में पड़ गया।
परिजनों ने अंतिम उम्मीद के रूप में उन्हें शहडोल स्थित आदित्य सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में भर्ती कराया। यहां पहुंचते ही चिकित्सकों ने स्थिति की गंभीरता को समझते हुए तत्काल विशेषज्ञों की टीम गठित की। मां और शिशु दोनों के जीवन को बचाने की चुनौती के बीच डॉक्टरों ने सूझबूझ और साहस का परिचय देते हुए आपातकालीन सिजेरियन ऑपरेशन का निर्णय लिया।
अस्पताल के विशेषज्ञ चिकित्सकों के अथक प्रयास रंग लाए और सफल शल्य प्रक्रिया के माध्यम से शिशु को सुरक्षित जन्म दिलाया गया। चिकित्सकों के अनुसार नवजात पूरी तरह स्वस्थ है तथा उसकी स्थिति संतोषजनक बनी हुई है। वहीं सिर में गंभीर चोटों के कारण मां का उपचार अभी भी गहन चिकित्सा निगरानी में जारी है और चिकित्सक उन्हें स्वस्थ करने के लिए लगातार प्रयासरत हैं।
इस पूरे घटनाक्रम का सबसे भावनात्मक पक्ष यह रहा कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की परिस्थितियों को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन और संचालक डॉ. आदित्य त्रिवेदी ने संपूर्ण उपचार एवं डिलीवरी की प्रक्रिया निःशुल्क कराने का निर्णय लिया। ऐसे समय में जब चिकित्सा सेवाओं को लेकर अक्सर प्रश्न उठते हैं, आदित्य हॉस्पिटल की यह पहल मानवता, करुणा और सामाजिक उत्तरदायित्व का प्रेरणादायी उदाहरण बनकर सामने आई है।
क्षेत्र के लोगों ने चिकित्सकों की इस सेवा भावना की सराहना करते हुए इसे चिकित्सा जगत में मानवता की एक सशक्त मिसाल बताया है।