शहडोल : मासूम से दरिंदगी करने वाले दुकानदार को 20 साल की कठोर सजा, अदालत ने लगाया एक लाख का जुर्माना
धनपुरी/शहडोल। मध्य प्रदेश के शहडोल जिले की बुढार स्थित विशेष अदालत (पॉक्सो एक्ट) ने मानवता को शर्मसार करने वाले एक मामले में ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। 9 साल की मासूम बच्ची के साथ अश्लील हरकत और यौन हमला करने वाले आरोपी दुकानदार मोहम्मद इस्तयाक उर्फ शानू को न्यायालय ने 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दोषी पर अर्थदंड लगाया गया है और पीड़िता को एक लाख रुपये का प्रतिकर (मुआवजा) देने का आदेश जारी किया गया है।
चिप्स लेने गई थी मासूम, दुकानदार ने दिखाई हैवानियत
अभियोजन पक्ष के अनुसार, घटना 3 अप्रैल 2025 की है। धनपुरी क्षेत्र की रहने वाली एक 9 वर्षीय बालिका पास ही की दुकान पर चिप्स लेने गई थी। यहां दुकानदार मोहम्मद इस्तयाक ने उसे अकेला देखकर बहला-फुसलाकर दुकान के अंदर बुला लिया और उसके साथ जबरन अश्लील हरकतें करने लगा।
बच्ची के साहस और दांत के निशान ने दिलाई सजा
अदालत में पेश किए गए दस्तावेजों के अनुसार, जब आरोपी ने मासूम पर हमला किया, तो बच्ची ने घबराने के बजाय साहस दिखाया। उसने खुद को छुड़ाने के लिए आरोपी के हाथ पर दांतों से जोर से काट लिया। दर्द के कारण आरोपी की पकड़ ढीली होते ही बच्ची वहां से भाग निकली और घर पहुंचकर रोते हुए अपनी मां को पूरी घटना बताई। परिजनों की शिकायत पर धनपुरी पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था।
मेडिकल रिपोर्ट और साक्ष्य रहे मजबूत
एडीपीओ (ADPO) कुबेंद्र शाह ठाकुर ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पुख्ता साक्ष्य जुटाए थे। मेडिकल रिपोर्ट में यौन हमले की पुष्टि हुई थी, वहीं आरोपी के हाथ पर मिले दांतों के निशान इस अपराध के सबसे अहम वैज्ञानिक साक्ष्य बने। न्यायालय ने इन सबूतों और मासूम के बयान के आधार पर आरोपी को दोषी माना।
विशेष न्यायालय ने इसे गंभीर अपराध श्रेणी में रखते हुए मोहम्मद इस्तयाक को 20 वर्ष के श्रम कारावास की सजा सुनाई। साथ ही, अदालत ने स्पष्ट किया कि पीड़िता को हुई मानसिक और शारीरिक पीड़ा के मुआवजे के रूप में दोषी द्वारा एक लाख रुपये का भुगतान किया जाएगा। इस फैसले के बाद क्षेत्र में न्याय की सराहना की जा रही है।