12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर योगमय हुआ विराट नगर, स्वस्थ भारत निर्माण का लिया संकल्प
शहडोल। 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शनिवार को शहडोल का महात्मा गांधी स्टेडियम योगमय वातावरण में रंग गया। सांसद हिमाद्री सिंह के मुख्य आतिथ्य में आयोजित सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, पत्रकारों, विद्यार्थियों तथा बड़ी संख्या में नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई। कार्यक्रम के दौरान सभी प्रतिभागियों ने योग प्रशिक्षकों के निर्देशन में विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास कर स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद हिमाद्री सिंह ने कहा कि योग केवल व्यायाम नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है, जो शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करने का कार्य करती है। उन्होंने कहा कि योग के नियमित अभ्यास से स्वस्थ जीवन का मार्ग प्रशस्त होता है। प्रत्येक व्यक्ति को प्रतिदिन कुछ समय योग के लिए अवश्य निकालना चाहिए। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि सूर्योदय की ऊर्जा को अपने भीतर समाहित कर योग को जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाएं और स्वस्थ एवं समृद्ध भारत के निर्माण में अपना योगदान दें। सांसद ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर हम सभी को अपने दैनिक जीवन में योग को अपनाने का अटूट संकल्प लेना चाहिए।
इस अवसर पर कलेक्टर डॉ. केदार सिंह ने कहा कि योग व्यक्ति को शारीरिक रूप से सशक्त बनाने के साथ-साथ मानसिक तनाव से मुक्ति दिलाने का भी प्रभावी माध्यम है। वर्तमान भागदौड़ भरे जीवन में योग की उपयोगिता और अधिक बढ़ गई है। उन्होंने नागरिकों से नियमित योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की।
विधायक मनीषा सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारतीय ऋषि-मुनियों की अनुपम देन है, जिसे आज पूरा विश्व स्वीकार कर रहा है। योग न केवल रोगों से बचाव करता है बल्कि सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास को भी बढ़ाता है। उन्होंने युवाओं और विद्यार्थियों से विशेष रूप से योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने का आग्रह किया।
कार्यक्रम में विभिन्न योग क्रियाओं का प्रदर्शन किया गया तथा उपस्थित लोगों ने “योग करें, स्वस्थ रहें, संतुलित रहें” के संदेश को आत्मसात करते हुए नियमित योगाभ्यास का संकल्प लिया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों, पत्रकारों एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।