गौरेला के बैगा ग्राम आमाडोब एवं केवंची का शहद पहुँचा बैंगलोर
बिहान समूह की महिलाओं को मिल रही राष्ट्रीय पहचान
गौरेला पेंड्रा मरवाही, 22 मई 2026/ जिले के सुदूर वनांचल स्थित बैगा ग्राम आमाडोब एवं केवंची के जंगलों से संग्रहित प्राकृतिक शहद अब राज्य की सीमाओं को पार कर बैंगलोर तक पहुँच रहा है। छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान अंतर्गत गठित स्वसहायता समूहों की महिलाओं द्वारा संग्रहित इस शहद की ब्रांडिंग एवं पैकेजिंग अरपा बिहान नाम से तिपान महिला फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी के माध्यम से की जा रही है।
कलेक्टर डॉ. संतोष देवांगन एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुकेश रावटे ने बुधवार को अरपा सभा कक्ष में आयोजित बैंकर्स मीटिंग के दौरान शहद बैंगलोर की कंपनी को भेजने हेतु सांकेतिक रूप से रवाना किया। इसके पश्चात तिपान महिला फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी द्वारा शहद की खेप बैंगलोर भेजी गई। यह पहल स्वसहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों को राज्य से बाहर नई पहचान दिलाने के साथ साथ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है। कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर ने जिला मिशन प्रबंधक को निर्देशित किया कि भविष्य में भी समूहों के उत्पादों के राज्य से बाहर एवं ऑनलाइन विक्रय हेतु विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाए, ताकि स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराया जा सके।