ग्राम पंचायत सिवनी के सिलवारी में 7 दिनों से अंधेरा: ट्रांसफार्मर खराब, पानी-बिजली संकट से जूझ रहे ग्रामीण

0

प्रशांत कुमार मिश्रा मरवाही

 

भीषण गर्मी में हालात बदतर, पानी के लिए लंबी कतारें  फसलें सूखने की कगार पर, बिजली विभाग पर लापरवाही के आरोपजिले के ग्राम पंचायत सिवनी अंतर्गत सिलवारी गांव में पिछले सात दिनों से बिजली व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ी है। भीषण गर्मी के इस दौर में बिजली आपूर्ति बंद होने से ग्रामीणों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि लोगों को पीने के पानी तक के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों के अनुसार गांव का ट्रांसफार्मर खराब हो जाने के कारण पिछले एक सप्ताह से बिजली नहीं है। कई बार शिकायत करने के बावजूद बिजली विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। आरोप है कि संबंधित लाइनमैन फोन तक नहीं उठा रहे, जिससे लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है।

पानी के लिए जंग जैसे हालात

बिजली नहीं होने के कारण जल आपूर्ति पूरी तरह प्रभावित हो गई है। गांव में एकमात्र सौर ऊर्जा से संचालित पानी टंकी ही सहारा है, जहां से सीमित समय के लिए पानी मिलता है। परिणामस्वरूप ग्रामीणों—विशेषकर महिलाओं और बच्चों—को घंटों लंबी कतारों में खड़े रहना पड़ता है।

खेती पर संकट

बिजली आपूर्ति ठप होने से खेतों में सिंचाई नहीं हो पा रही है, जिससे फसलें सूखने की कगार पर हैं। किसान आर्थिक नुकसान को लेकर चिंतित हैं और शासन-प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग कर रहे हैं।

पढ़ाई और कामकाज प्रभावित

बिजली के अभाव में बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। रात में अंधेरे के कारण पढ़ना मुश्किल हो गया है। वहीं ऑनलाइन कार्य, मोबाइल चार्जिंग और अन्य डिजिटल काम भी पूरी तरह ठप हैं।

बिजली विभाग पर लापरवाही के आरोप

ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर घोर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा। यदि जल्द ही व्यवस्था बहाल नहीं हुई, तो ग्रामीण आंदोलन करने की चेतावनी दे रहे हैं।

 

अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन और बिजली विभाग इस गंभीर समस्या पर कब तक संज्ञान लेते हैं और सिवनी के सिलवारी गांव के लोगों को राहत मिलती है। फिलहाल ग्रामीण बुनियादी सुविधाओं के लिए जूझने को मजबूर हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed