आखिरकार जीपीएम पुलिस ने कोटमी बाजार में हुई हत्या और लूट के आरोपीयों को धरदबोचा

0

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। कोटमीकला साप्ताहिक बाजार में सराफा कारोबारी प्रदीप सोनी की हत्या और लाखों रुपये के सोना-चांदी की लूट की वारदात ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया था। दिनदहाड़े नहीं, बल्कि बाजार की भीड़ के बीच हुई इस सनसनीखेज वारदात के बाद पुलिस पर सवाल उठ रहे थे। परिवार सीबीआई जांच की मांग कर रहा था और स्थानीय व्यापारियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा था।

करीब एक सप्ताह तक पुलिस के हाथ खाली रहे, लेकिन तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से आखिरकार पुलिस ने इस बहुचर्चित हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है।

बिलासपुर रेंज के आईजी रामगोपाल गर्ग ने बताया कि जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि वारदात कोई आकस्मिक अपराध नहीं थी, बल्कि कई दिनों की रेकी और सुनियोजित साजिश का नतीजा थी। आरोपियों ने पहले यह पता लगाया कि साप्ताहिक बाजार में कौन-कौन से ज्वेलरी कारोबारी आते हैं, वे कितनी मात्रा में आभूषण लेकर पहुंचते हैं और बाजार से लौटते समय किस रास्ते का उपयोग करते हैं।

पुलिस के अनुसार मुख्य आरोपी खुशीराम साहू ने अपने रिश्तेदारों और बाहरी राज्यों के साथियों के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई थी। 23 मई को आरोपियों ने बैठक कर लूट की रणनीति तय की और 26 मई को कोटमीकला बाजार पहुंचकर प्रदीप सोनी को निशाना बनाया।

शाम करीब 7 बजे जब प्रदीप सोनी बाजार से लौट रहे थे, तब आरोपियों ने उनके पास मौजूद सोना-चांदी से भरे बैग को लूटने की कोशिश की। विरोध करने पर देशी कट्टे से गोली मार दी गई। गंभीर रूप से घायल कारोबारी को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी।

जांच में यह भी सामने आया कि वारदात के बाद आरोपी सीधे भागने के बजाय देवरीखुर्द पहुंचे, जहां लूटे गए जेवरों का बंटवारा किया गया। सबूत मिटाने के लिए आभूषणों की पैकिंग सामग्री को टेकरी में जलाकर नष्ट कर दिया गया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त देशी कट्टा, दो जिंदा कारतूस, लूटे गए आभूषणों का हिस्सा और तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं।

पुलिस ने इस मामले में खुशीराम साहू, राजाराम साहू और गया प्रसाद रजक को गिरफ्तार किया है। वहीं राहुल, संजय और राजू सहित अन्य आरोपियों की तलाश में टीमें छत्तीसगढ़ से बाहर भी भेजी गई हैं।

इस बीच मृतक प्रदीप सोनी के परिवार ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। परिवार पहले ही मामले की सीबीआई जांच की मांग कर चुका है। मृतक की बेटी ने आरोपियों को कड़ी सजा देने की मांग करते हुए कहा था कि उसके पिता के हत्यारों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाना चाहिए।

फिलहाल पुलिस की जांच जारी है और अधिकारियों का मानना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे गिरोह और लूट की साजिश से जुड़े कई और अहम तथ्य सामने आ सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed