गौरेला-पेंड्रा-मरवाही पुलिस का अदम्य साहस: रात के अंधेरे में फिल्मी स्टाइल में पीछा कर 26 बेजुबानों की बचाई जान!

0

 

 

मरवाही, छत्तीसगढ़: गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) जिले की पुलिस ने पशु तस्करों के खिलाफ एक बेहद साहसिक और प्रेरणादायक कार्रवाई करते हुए 26 बेजुबान मवेशियों को मौत के मुंह में जाने से बचा लिया है। रात के अंधेरे में अपनी जान की परवाह किए बिना, पुलिस टीम ने तस्करों के नापाक मंसूबों को नाकाम कर एक सच्ची वीरता और मानवता का परिचय दिया है।

 

मुखबिर की सटीक सूचना और पुलिस की त्वरित रणनीति

19 और 20 जुलाई की दरम्यानी रात, जब आम जनता गहरी नींद में थी, GPM पुलिस पूरी तरह मुस्तैद थी। पुलिस अधीक्षक (SP) श्री मनोज कुमार खिलारी को मुखबिर से बूचड़खाने ले जाए जा रहे मवेशियों की गुप्त सूचना मिली। बेजुबानों की रक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाते हुए, उन्होंने तनिक भी देर किए बिना थाना प्रभारी मरवाही, चौकी प्रभारी कोटमी और साइबर सेल की एक मजबूत संयुक्त टीम को तुरंत मैदान में उतार दिया।

 

बैरिकेडिंग तोड़कर भागा ट्रक, पुलिस

ने दिखाई जांबाजी

रणनीति के तहत दानीकुंडी के पास पुलिस टीम ने नाकेबंदी कर संदेही ट्रक (UP 70 GT 3794) को रोकने का प्रयास किया। लेकिन तस्करों ने दुस्साहस दिखाते हुए पुलिस को चकमा देने की कोशिश की और ट्रक की रफ्तार बढ़ाकर भागने लगे।

यहीं पर GPM पुलिस ने अपने अदम्य साहस का असली रूप दिखाया। हार मानने के बजाय, पुलिस टीम ने फिल्मी स्टाइल में जान की बाजी लगाकर तेज रफ्तार ट्रक का पीछा किया और कुम्हारी बस स्टैंड के पास अपनी गाड़ी ट्रक के बिल्कुल आगे अड़ाकर तस्करों के इस मौत के सफर पर ब्रेक लगा दिया।

 

दर्दनाक नजारा और पुलिस की संवेदनशीलता

जब जांबाज पुलिस टीम ने ट्रक का दरवाजा खोला, तो अंदर का नजारा किसी का भी दिल दहला देने वाला था। 26 भैंसों को बेहद क्रूर और अमानवीय तरीके से ठूंस-ठूंसकर बांधा गया था। पुलिस ने तुरंत अपनी संवेदनशीलता और कर्तव्यनिष्ठा दिखाते हुए:

सभी 26 बेजुबान मवेशियों को तस्करों के चंगुल से सुरक्षित बाहर निकाला।

 

उनके लिए चारे और पानी की तत्काल व्यवस्था की गई।

सभी मवेशियों को सुरक्षित स्थान पर भेजकर उन्हें एक नया जीवन दिया।

 

तस्करों पर कड़ा प्रहार: SP का ‘End to End’ एक्शन प्लान

इस साहसिक बचाव कार्य के बाद, पुलिस अधीक्षक श्री मनोज कुमार खिलारी ने अपराधियों की कमर तोड़ने का संकल्प लिया है। उन्होंने मरवाही थाना प्रभारी को इस पूरे तस्करी नेटवर्क को जड़ से उखाड़ फेंकने के लिए ‘End to End’ (शुरुआत से अंत तक) बारीकी से विवेचना करने के कड़े निर्देश दिए हैं। उनका स्पष्ट संदेश है कि बेजुबानों पर अत्याचार करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।

 

गिरफ्तार आरोपी और सख्त कानूनी कार्रवाई

पुलिस ने मौके से ट्रक को जब्त कर लिया है और आरोपी चालक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे सीधे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

 

गिरफ्तार आरोपी: वाल्मीक साकेत (30 वर्ष), पिता – रामलाल साकेत निवासी।ग्राम रोहिया, थाना रामपुर बघेलान, जिला सतना (मध्य प्रदेश)

 

दर्ज अपराध: थाना मरवाही में अपराध क्रमांक 138/26

लगाई गई सख्त धाराएं: भारतीय न्याय संहिता (BNS): धारा 281, 111 कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004: धारा 4, 6, 10 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960: धारा 11

 

GPM पुलिस का यह साहसिक कदम न केवल पशु तस्करों के लिए एक खौफनाक चेतावनी है, बल्कि समाज के लिए भी एक मिसाल है कि कानून के रक्षक हर जीवन (चाहे वह इंसान हो या बेजुबान जानवर) की सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर हैं। खाकी वर्दी की इस मानवीय और त्वरित कार्रवाई को पूरे क्षेत्र में सलाम किया जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed

error: Content is protected !!